* विश्वविद्यालय जंक्शन बनेगा ‘नाथ ज्ञान ज्योति चौक’, ज्ञान, साधना, शक्ति और विकास के समन्वय से आकार लेगा शहर का नया पहचान स्थल
बरेली। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के अनुरूप बरेली की धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत को आधुनिक शहरी विकास से जोड़ने की दिशा में बरेली विकास प्राधिकरण द्वारा एक और अभिनव पहल की जा रही है। विश्वविद्यालय क्षेत्र और रामगंगा नगर की ओर जाने वाले प्रमुख मार्ग के संगम पर प्रस्तावित ‘नाथ ज्ञान ज्योति चौक’ बरेली की सांस्कृतिक पहचान और आधुनिक विकास का नया प्रतीक बनने जा रहा है।
आयुक्त एवं अध्यक्ष, बरेली विकास प्राधिकरण श्री शंभू कुमार, आई.ए.एस. तथा जिलाधिकारी श्री अविनाश सिंह, आई.ए.एस. के कुशल नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में शहर के प्रमुख स्थलों को उसकी धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान से जोड़कर विकसित करने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। इसी क्रम में विश्वविद्यालय जंक्शन को ‘नाथ ज्ञान ज्योति चौक’ के रूप में विकसित करने की परिकल्पना की गई है।
चौक की सबसे विशेष अवधारणा सात नाथ मंदिरों की सात ऊर्जा धाराओं पर आधारित होगी। केंद्रीय संरचना में सात उर्ध्वमुखी ऊर्जा स्तंभ सात नाथ मंदिरों का प्रतीक होंगे। ये सातों ऊर्जा धाराएं ऊपर जाकर एक ‘ज्ञान ज्योति’ में एकाकार होती दिखाई देंगी। यह संरचना नाथ परंपरा की आध्यात्मिक ऊर्जा को ज्ञान और आधुनिक विकास से जोड़ने का संदेश देगी।
“ज्ञान से साधना, साधना से शक्ति और शक्ति से विकास।”
विश्वविद्यालय के निकट होने के कारण चौक की पूरी अवधारणा में ज्ञान को केंद्रीय भाव बनाया गया है। कमल के आधार से उठती सात ऊर्जा धाराएं, शीर्ष पर ज्ञान ज्योति, हरित क्षेत्र, पुष्पीय सौंदर्य, जल तत्व और आकर्षक प्रकाश व्यवस्था मिलकर इसे एक विशिष्ट शहरी पहचान प्रदान करेंगे।
श्रीमती सौम्या पाण्डेय, आई.ए.एस., उपाध्यक्ष, बरेली विकास प्राधिकरण — प्रस्तावित वक्तव्य
“बरेली की धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान को आधुनिक शहरी विकास के साथ जोड़ना हमारी प्राथमिकता है। ‘नाथ ज्ञान ज्योति चौक’ में सात नाथ मंदिरों की प्रतीकात्मक ऊर्जा धाराओं को ज्ञान ज्योति के माध्यम से एक सूत्र में पिरोने का प्रयास किया गया है। यह बरेली की समृद्ध विरासत और उज्ज्वल भविष्य के समन्वय का प्रतीक बनेगा।”
बरेली विकास प्राधिकरण की यह पहल मुख्यमंत्री के विजन के अनुरूप बरेली को आधुनिक, सुनियोजित और अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़ा शहर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगी। सात नाथ मंदिरों की सात ऊर्जा धाराओं का एक ज्ञान ज्योति में एकाकार होना इस चौक को बरेली की नई शहरी पहचान का विशिष्ट प्रतीक बना सकता है।
