बरेली/फतेहगंज पश्चिमी। पांच वर्ष से टूटी पड़ी फतेहगंज पश्चिमी कस्बे की दो किमी लम्बी सड़क को बनाने के लिए पीडब्ल्यूडी और एनएचएआई मे रार मची हुई है। एनएचएआई परियोजना निदेशक ने भाजपा नेता को भेजे पत्र मे एक वर्ष पूर्व ही सड़क को पीडब्ल्यूडी को हस्तांतरित करने का खुलासा किया है। एनएचएआई ने इसे अपना मानने से इनकार कर दिया है। इसकी जिम्मेदारी एक-दूसरे पर डाल रहे है। पत्र भी लिख रहे है। उधर पीडब्ल्यूडी के अधिकारी सड़क निर्माण न होने के शिकायत पर सरकार को सड़क हस्तांतरण न होने के हवाला देते हुए गुमराह कर रहे है। 5 वर्ष से टूटी सड़क निर्माण न कराने का आरोप लगाते हुए पुनः मुख्यमंत्री व लोक निर्माण मंत्री जितिन प्रसाद से शिकायत की। आपको बता दे कि नगर के व्यापार मंडल अध्यक्ष व भाजपा नेता आशीष अग्रवाल पिछले कई बर्षो से कस्बे के अंदर जाने वाली सड़क के निर्माण को लेकर संघर्ष कर रहे है लेकिन दोनों ही विभाग एक दूसरे पर जिम्मेदारी डालते हुए सड़क निर्माण कराने का पल्ला झाड़ रहे है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के परियोजना निदेशक ने भाजपा नेता को पत्र जारी कर पीडब्ल्यूडी को स्थानांतरित होने की जानकारी दी। पीडब्लूडी को ही सड़क निर्माण कराने का अधिकार है। भाजपा नेता ने मुख्य अभियंता से बात कर सरकार को गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कड़ी नाराजगी व्यक्त की। जिस पर पीडब्लूडी के मुख्य अभियंता ने आश्वासन दिया कि जल्द ही प्रदेश सरकार का बजट जारी होते ही सड़क निर्माण की धनराशि अवमुक्त करा ली जाएगी। भाजपा नेता ने साफ कहा कि गलत रिपोर्ट लगाने वाले अधिकारी को बख्शा नही जाएगा सरकार की छवि धूमिल करने वाले को मुख्यमंत्री से शिकायत कर दण्डित अवश्य कराया जायेगा। जिसके कारण आम जनता पांच वर्षों से टूटी सड़क पर चलने को मजबूर है।।
बरेली से कपिल यादव
