बरेली। शहर के व्यस्ततम इलाकों में शुमार सिकलापुर फर्नीचर मार्केट में अतिक्रमण के खिलाफ नगर निगम ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। निगम की टीम ने बाजार की करीब 40 दुकानों पर लाल निशान लगा दिए हैं, जिससे स्थानीय दुकानदारों में हड़कंप मच गया है। नगर निगम की सख्त रुख को लेकर व्यापारियों में नाराजगी है। शुक्रवार को व्यापारी नगर निगम कार्यालय पहुंचे और अधिशासी अभियंता से मुलाकात कर अपनी आपत्ति दर्ज कराई। व्यापारी सौरभ अग्रवाल ने कहा कि सिकलापुर देश का एक प्रतिष्ठित और नामी फर्नीचर बाजार है, जहां से सालाना करोड़ों रुपये का कारोबार होता है। यहां तैयार होने वाला फर्नीचर देश के विभिन्न राज्यों में सप्लाई किया जाता है। उन्होंने तर्क दिया कि बाजार की सड़क पहले से ही काफी संकरी है, ऐसे में दुकानों पर लाल निशान लगाना पूरी तरह से गलत है। व्यापारियों का कहना है कि बाजार में 20 फुट गहरा नाला है, जिसकी नियमित रूप से सफाई नहीं की जाती। अगर निगम को नाले के ऊपर किए गए अतिक्रमण की शिकायत है, तो केवल उसे ही हटवाया जाना चाहिए, न कि पूरी दुकान को दायरे में लेकर लाल निशान लगाए जाएं। दूसरी ओर, क्षेत्र के पार्षद जय प्रकाश राजपूत ने इस मामले में नगर आयुक्त संजीव मौर्य से मुलाकात कर स्थिति साफ की। पार्षद ने कहा कि दुकानदारों द्वारा नाले के ऊपर किए गए अतिक्रमण के कारण नाले की नियमित सफाई नहीं हो पाती है, जिसके चलते पूरे इलाके में जलभराव की समस्या पैदा हो जाती है। उन्होंने नगर आयुक्त से मांग की कि नाले के ऊपर से हर हाल में अतिक्रमण हटाया जाए ताकि उसकी उचित सफाई हो सके और क्षेत्रवासियों को जलभराव से निजात मिल सके। फिलहाल, नगर निगम के सख्त रुख से सिकलापुर के व्यापारियों में असमंजस का माहौल बना हुआ है।।
बरेली से कपिल यादव
