बरेली। बुधवार सुबह आई तेज आंधी ने गांवों में तबाही मचा दी। अलग-अलग स्थानों पर एक छात्रा समेत चार लोगों की मौत हो गई जबकि कुछ मवेशियों की भी मौत हो गई। तमाम पशु घायल हो गए। जबकि चार स्कूल बसें क्षतिग्रस्त हो गई और कई इलाकों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई। गांव गिरिधरपुर की लिपी उम्र 60 साल अपनी बेटी के घर गांव बेहटा जुनू में रहती हैं। बुधवार को सुबह ग्यारह बजे वह बेटी के घर पड़ी टिन शेड में लेटी थीं, इसी दौरान आई तेज आंधी में टिन शेड उड़कर उनके ऊपर गिर गया, जिसमें दबकर महिला की मौत हो गई। इसके अलावा नंदगांव के घासीराम के ऊपर आंधी से दीवार गिर गई जिसके मलबे में दबकर उनकी मौत हो गई। भमोरा के गांव नितोई की 76 वर्षीय महिला गोमती देवी गांव के अवध बिहारी के घर के पास गली से गुजर रही थीं उसी समय आंधी में एक लकड़ी की बल्ली उनके ऊपर गिर गई जिससे उनकी मौत हो गई। इसके अलावा कई मवेशियों की भी जान चली गई। गांव ताजपुर नवदिया में अखिलेश की भैंस आंधी मे गिरे पेड़ से दबकर मौत हो गई। दरावनगर में पाकड़ का पेड़ गिरने से मुकेश की एक भैंस तथा एक गाय की दबकर मौत हो गई। वहीं हर्रामपुर के संजय सक्सेना ने बताया कि उसकी बेटी देवकी सक्सेना कक्षा सात में पढती थी। वह बुधवार दोपहर करीब साढ़े 12 बजे गांव के पास बाग में खेलने चली गई, उसी समय तेज आंधी से आम का एक बड़ा पेड़ छात्रा के ऊपर गिर गया। पेड़ के नीचे दबकर उसकी मौत हो गई। सूचना पर वह अपने परिजनों के साथ बाग में पहुंचे। ग्रामीणों के सहयोग से पेड़ के नीचे से बेटी को निकाला लेकिन तब तक उसकी मौत हो गई थी। उसकी तीन बेटियों में मझली बेटी थी। परिजनों ने पुलिस को बगैर सूचना के छात्रा के शव का अंतिम संस्कार कर दिया। भमोरा कस्बे में पेड़ गिरने से चार स्कूल बसें क्षतिग्रस्त हो गईं। जिले के कई इलाकों में बिजली के खंभे टूट गए, जिससे विद्युत लाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं और बिजली आपूर्ति बाधित हुई। बिशारतगंज इलाके में रम्पुरा-अलीगंज मार्ग पर एक टेंपो पर पेड़ गिरने से एक व्यक्ति घायल हो गया और यातायात बाधित रहा। आंवला सड़क पर एक साइन बोर्ड भी गिर गया, हालांकि इसकी चपेट में कोई नहीं आया। पुलिस ने क्रेन की मदद से बोर्ड हटाकर यातायात सुचारू कराया।।
बरेली से कपिल यादव
