बरेली। तीन रोजा उर्स-ए-रजवी की सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। दरगाह से लेकर इस्लामिया मैदान और मथुरापुर रोड पर इस्लामिक स्टडी सेंटर स्थित उर्स स्थल तक मंच, पंडाल, पुस्तक मेला, वुजूखाना, पूछताछ कार्यालय, अस्थायी चिकित्सालय, शौचालय और हैंडपंप सहित सभी व्यवस्थाएं अंतिम रूप ले चुकी हैं। दोनों ग्राउंड में बजरी डालकर कच्ची सड़क तैयार कराई है, ताकि बारिश के दौरान जायरीन के आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न हो। दरगाह के मीडिया प्रभारी नासिर कुरैशी ने बताया कि गुरुवार की शाम 6 बजे दरगाह प्रमुख सुब्हानी मियां और सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मियां देश-विदेश से आए जायरीन और उलेमा की मौजूदगी में परचम कुशाई की रस्म अदा कर उर्स का औपचारिक आगाज करेंगे। इससे पहले सुबह दरगाह पर नमाज-ए-फ़ज्र के बाद कुरानख्वानी होगी। शाम 5 बजे आजम नगर स्थित हाजी अल्लाह बख्श के निवास से सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन मियां की कयादत में परचमी जुलूस निकलेगा। जुलूस अपने पारंपरिक मार्ग कुमार सिनेमा, इंदिरा मार्केट और बिहारीपुर ढाल होते हुए दरगाह पहुंचेगा। यहां सलामी के बाद दरगाह प्रमुख सुब्हानी मियां की कयादत में जुलूस जिला परिषद मार्ग से होते हुए इस्लामिया मैदान पहुंचेगा, जहां उर्स का ऐलान किया जाएगा। मुशायरे की सजेगी महफिल, जायरीनों की आमद : रात 10:35 बजे हुज्जातुल इस्लाम के कुल की रस्म अदा की जाएगी। इसके बाद अंतरराष्ट्रीय नातिया मुशायरे का आगाज होगा। दरगाह की ओर से सभी शायरों को तरही मिसरा बता दिए गए हैं, जिस पर वे अपना कलाम पेश करेंगे। उधर, उर्स में शिरकत के लिए दूर-दराज से जायरीन के बरेली पहुंचने का सिलसिला लगातार जारी है। जिले भर से फूलों की डलियों के जुलूस दरगाह पहुंच रहे हैं। वहीं, दरगाह से इस्लामिया मैदान और इस्लामिक स्टडी सेंटर में अस्थायी दुकानों का बाजार भी सजना शुरू हो गया है, जिससे पूरे क्षेत्र में उर्स की रौनक दिखाई देने लगी है।।
बरेली से कपिल यादव
