नवाबगंज, बरेली। ओसवाल चीनी मिल पर किसानों का 70 करोड़ रुपये बकाया है। किसानों का बकाया भुगतान कराने के लिए इसकी नीलामी की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके चलते पिछले तीन दिनों से पुणे के वसंत दादा शुगर इंस्टीट्यूट की टीम चीनी मिल का मूल्यांकन कर रही है। गुरुवार को भी टीम ने गन्ना समिति के अधिकारियों के साथ चीनी मिल का मुल्यांकन किया। ओसवाल चीनी मिल के ऊपर किसानों का 70 करोड़ रुपये बकाया है। किसानों का भुगतान न होने से चीनी मिल बंद पड़ी है। इससे किसानों का गन्ना दूसरी चीनी मिलों को डायवर्ड कर दिया गया है। किसानों का बकाया भुगतान कराने के लिए चीनी मिल की आरसी जारी कर दी गई है। अब चीनी मिल को नीलाम करने के लिए इसके मूल्यांकन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।गन्ना समिति की सचिव मेघा चतुर्वेदी ने बताया कि वसंत दादा शुगर इंस्टीट्यूट पुणे महाराष्ट्र की तीन सदस्यीय टीम ने 18 अगस्त से चीनी मिल का मूल्यांकन कर रही है। शुक्रवार को टीम मूल्यांकन पूरा करने के बाद वापस जाएगी। टीम की मूल्यांकन रिपोर्ट मिलने के बाद चीनी मिल की नीलामी की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।।
बरेली से कपिल यादव
