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घाघरा नदी के कटान की जद में  आई रामामऊ की नई बस्ती

*ग्रामीणों ने की बचाव की मांग

*नदी की धारा से हो रही तीब्र गति की कटान से इंडिया मार्का हैंडपंप को कभी भी जा सकती है नदी के आगोश में

गोला,बाजार गोरखपुर- गोला तहसील क्षेत्र के ग्राम सभा रामामऊ की नई बस्ती घाघरा नदी के कटान की जद में है। नई बस्ती के आधा दर्जन घरों के समीप नदी कटान कर रही है। बस्ती के निकट स्थित ऐतिहासिक रामजानकी मन्दिर पर भी कटान का खतरा मडरा रहा है। ग्रामीण विगत कई वर्षो से बचाव की मांग कर रहे हैं लेकिन प्रशासन की तरफ से मदद नहीं हो रहा हैं । अगर समय रहते बचाव कार्य शुरू नहीं हुआ तो बस्ती को बचा पाना मुश्किल हो जाएगा। गांव के नई बस्ती में सरयू नदी के देवार क्षेत्र से आकर बसे परिवारों की संख्या अधिक है। जो बाढ़ व कटाव से परेशान होकर बांगर पर बसने के लिए आए और गांव में नदी के किनारे नई बस्ती बनाकर रहने लगे लेकिन यहां भी दुर्भाग्य ने उनका साथ नहीं छोड़ा। गोला कस्बा व मुक्तिधाम को बचाने के लिए शासन द्वारा बड़े-बड़े स्परों का निर्माण कराया गया। जिससे नदी के कटान से कस्बा और मुक्तिधाम तो सुरक्षित हो गया लेकिन स्परों से छूटने वाली घाघरा की जलधारा सीधे गांव की नई बस्ती में आकर टकराने लगी। जिससे नई बस्ती के पास नदी तेजी से कटान करने लगी।आलम यह है कि नदी का पानी नई बस्ती में घुस गया है और नदी के किनारे लगा इंडिया मार्का हैंडपंप नदी के जद में है जिसे रस्सी के सहारे पेड़ से बांध दिया गया है। कभी भी किसी वक्त नदी इंडिया मार्का हैंडपंप को नदी अपने आगोश में ले सकती है । इस नई बस्ती के दिनेश यादव रामकिशुन यादव बृजराज यादव देवलाश यादव राजकुमार परमहंस रामकवल यादव सहित अन्य लोगों की पक्की मकानें सीधे कटान की जद में हैं। ग्रामीणों ने अपनी मकानों को कटाव से बचाने के लिए थोड़ी मात्रा में ईंट-पत्थर आदि नदी के तटों पर डाल रखा है लेकिन नदी की धारा लगातार कटान कर इनके मकानों को अपने आगोश में लेने के लिए आतुर है। बस्ती से करीब 100 मीटर पूरब स्थित ऐतिहासिक रामजानकी मंदिर भी कटान के जद में आ गया है। मंदिर के पिछले हिस्से के पास नदी सीधे जाकर टकरा रही है। नई बस्ती के विनोद तिवारी राजेन्द्र शर्मा रामदीन कैलाश यादव श्रवण यादव पप्पू चौहान रमाकान्त गौड़ दिलीप नायक रामअशीष यादव राम किशुन यादव आदि का कहना है कि पिछले वर्ष हो रही कटान के समय क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों ने दौराकर कटान की भयावहता को देखा था और समस्या के स्थायी समाधान के लिए आश्वासन दिया था लेकिन कुछ नहीं हो सका। इस साल तो गांव में कोई हाल-चाल भी लेने नहीं आया जबकि इस साल हो रही तेजी कटान से हम सभी भयभीत हैं। हम लोगों की शासन प्रशासन से माँग हैं कि समय से बचाव कार्य किया जाय जिससे हमलोग सुरक्षित हो। तहसील प्रशासन की ओर से पहुंचे राजस्व निरीक्षक बीडी त्रिपाठी ने बताया कि हम अपने टीम के साथ पहुंच करके रामामऊ नई बस्ती आदि जगहों का निरीक्षण किया और बताया कि बाढ़ से जिसका घर प्रभावित है उसको सरकारी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

इस प्रकरण पर एसडीएम गोला राजेन्द्र बहादुर का कहना है कि कटान होना मेरी सज्ञान में आया है बाढ़ खंड को कार्यवाही के लिए सूचना भेज दिया हू।

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