राजस्थान/बाड़मेर- प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतुत्व में केन्द्र सरकार के बारह वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर राज्य सरकार के निर्देशानुसार आयोजित शहरी एवं ग्रामीण शिविरों की जमीनी हकीकत और पारदर्शिता जांचने के लिए आज अतिरिक्त जिला कलक्टर भुवनेश्वर सिंह चौहान ने धोरीमन्ना क्षेत्र का सघन दौरा कर नगर पालिका धोरीमन्ना के शहरी शिविर और भलीसर ग्राम पंचायत में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविर का औचक निरीक्षण किया।
अतिरिक्त जिला कलक्टर भुवनेश्वर सिंह चौहान ने सबसे पहले धोरीमन्ना शहरी क्षेत्र के समस्या समाधान शिविर का रुख किया। यहाँ उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए काउंटर्स का बारीकी से निरीक्षण किया और अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए। उन्होंने पट्टा जारी करने, भू-उपयोग परिवर्तन, और नामान्तरण म्यूटेशन से जुड़े लंबित आवेदनों की स्थिति देखी और अधिकारियों से कहा कि फाइलों को बेवजह न अटकाया जाए। कस्बे में सड़कों के पेच वर्क, टूटी स्ट्रीट लाइटों को दुरूस्त करने और सफाई व्यवस्था को लेकर चल रहे कार्यों की प्रगति रिपोर्ट जांची।इसके पश्चात अतिरिक्त जिला कलक्टर भलीसर ग्राम पंचायत में चल रहे ग्रामीण सेवा शिविर पहुंचे। ग्रामीण परिवेश में आयोजित इस शिविर में उमड़ी भीड़ को देखकर उन्होंने व्यवस्थाओं का जायजा लिया और स्वयं ग्रामीणों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होने मौके पर मौजूद ग्रामीणों से सीधा संवाद कर पूछा कि क्या आप तक योजनाओं का लाभ पहुंच रहा है।
उन्होंने ग्राम विकास अधिकारी और पटवारी को निर्देश दिए कि शिविर में आने वाले हर अभावग्रस्त ग्रामीण की समस्या का निस्तारण प्राथमिकता से किया जाए। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति और बिजली की ट्रिपिंग को लेकर उन्होंने संबंधित ब्लॉक स्तरीय अधिकारियों को मौके पर ही आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
अतिरिक्त जिला कलक्टर भुवनेश्वर सिंह चौहान ने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को पाबंद करते हुए कहा कि राज्य सरकार के इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य आमजन को सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने से मुक्ति दिलाना है। धोरीमन्ना के शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई गई, तो संबंधित कार्मिक के खिलाफ तुरंत अनुशासनात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इस निरीक्षण के दौरान धोरीमन्ना के स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी, तहसीलदार, विकास अधिकारी और विभिन्न विभागों के ब्लॉक स्तरीय कर्मचारी उपस्थित रहे।
— राजस्थान से राजूचारण
