* बीईओ ने चार परिषदीय विद्यालयों का किया औचक निरीक्षण
* स्मार्ट क्लास, छात्र उपस्थिति, निपुण भारत मिशन और सरकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत परखी
बरेली। खंड शिक्षा अधिकारी क्यारा तौसीफ अहमद ने न्याय पंचायत जोगीठेर के चार परिषदीय विद्यालयों का औचक निरीक्षण कर शैक्षिक एवं भौतिक व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्मार्ट क्लास, कक्षा-कक्षों की भौतिक स्थिति, छात्र उपस्थिति, निपुण भारत मिशन की प्रगति तथा शासन की विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की बारीकी से जांच की। उन्होंने विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को व्यवस्थाओं में आवश्यक सुधार और शैक्षिक गुणवत्ता को और बेहतर बनाने के लिए जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
खंड शिक्षा अधिकारी ने न्याय पंचायत जोगीठेर के प्राथमिक विद्यालय चन्दपुर जोगियान, पूर्व माध्यमिक विद्यालय चन्दपुर जोगियान, प्राथमिक विद्यालय चन्दपुर काजियान तथा कम्पोजिट विद्यालय जोगीठेर का निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालयों में शिक्षण व्यवस्था, छात्र-छात्राओं की उपस्थिति, कक्षाओं के संचालन और उपलब्ध संसाधनों का जायजा लेते हुए शिक्षकों से विद्यालय में संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। साथ ही निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों को प्रभावी ढंग से पूरा करने पर जोर दिया।
उन्होंने विद्यालयों में स्मार्ट क्लास एवं अन्य शैक्षिक संसाधनों के उपयोग की स्थिति भी देखी। प्रधानाध्यापकों को निर्देशित किया कि उपलब्ध संसाधनों का विद्यार्थियों के हित में अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जाए और शासन की योजनाओं का लाभ पात्र विद्यार्थियों तक पहुंचाया जाए।
राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षक ने किया स्वागत
कम्पोजिट विद्यालय जोगीठेर पहुंचने पर खंड शिक्षा अधिकारी तौसीफ अहमद का विद्यालय के प्रधानाध्यापक एवं राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त शिक्षक डॉ. लाल बहादुर गंगवार ने समस्त स्टाफ के साथ स्वागत किया। इस दौरान विद्यालय की शैक्षिक गतिविधियों एवं अन्य व्यवस्थाओं को लेकर भी चर्चा हुई।
इस अवसर पर वरिष्ठ अध्यापक रमेश सागर, दीपा गुप्ता, गीता यादव, मोहन सिंह, सुधांशु कुमार, कृष्णा स्वाति, मीनू रस्तोगी, आकांक्षा रावत, रूचि, रिम्पल, बेबी तवस्सुम, गौरव गंगवार, चरन सिंह एवं पंडित अनिल कुमार शर्मा उपस्थित रहे।
निरीक्षण के दौरान खंड शिक्षा अधिकारी ने विद्यालयों में शैक्षिक गुणवत्ता बनाए रखने, विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने तथा शासन की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
