बरेली। मंडलायुक्त शंभू कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को एयरफोर्स की हवाई क्षेत्र में पर्यावरण प्रबंधन समिति की बैठक हुई। इसमें एयरफोर्स के आसपास पक्षियों की गतिविधि, ड्रोन उड़ाने, अवैध निर्माण, जलभराव और कूड़ा डंपिंग से उड़ानों की सुरक्षा पर पड़ने वाले असर पर चर्चा की गई। मंडलायुक्त ने अधिकारियों को इन समस्याओं के स्थायी निस्तारण के कड़े निर्देश दिए। एयरफोर्स के सुरक्षा प्रतिनिधियों ने बताया कि चावड़, भूड़ा, नैनीताल हाईवे और दिल्ली हाईवे के आसपास बर्ड एक्टिविटी अधिक है। नवंबर-दिसंबर में शादी समारोहों में वीडियोग्राफी के लिए ड्रोन उड़ाने से खतरा बढ़ जाता है। इस पर मंडलायुक्त ने बीडीए उपाध्यक्ष को एयरफोर्स क्षेत्र के आसपास निर्धारित मानक से ऊंचे भवनों के निर्माण पर रोक लगाने के निर्देश दिए। एयर फील्ड के आस-पास के क्षेत्रों में कई स्थानों पर जलभराव व ड्रेनेज की समस्या से भी अवगत कराया गया। मंडलायुक्त ने चावड़ में आरआरसी सेंटर के लिए उचित जगह का निर्धारण करके अवगत कराने के निर्देश दिए। ग्राम चावड़ में पानी जमाव और पानी निकासी की समस्या का समाधान जल्द करने को कहा गया। साथ ही कहा कि एयरफोर्स स्टेशन के आस-पास स्थित एरिया में सफाई कर्मियों से बेहतर तरीके से साफ-सफाई कराई जाए। करमपुर चौधरी में पानी निकासी की व्यवस्था कराए जाने के भी निर्देश दिए गए। एडीएम सिटी अविनाश त्रिपाठी, बीडीए उपाध्यक्ष सौम्या पांडेय, एसपी सिटी मानुष पारीख, एयर कमांडर सीयूवीआरएओ स्टेशन ऐरोस्पेस सेफ्टी अधिकारी विंग कमांडर मानिक भल्ला मुख्य प्रशासनिक अधिकारी ग्रुप कैप्टन कर्मकार, प्रशासनिक सुरक्षा निरीक्षण अधिकारी पूर्वी श्रीवास्तव, बरेली एयरपोर्ट के प्रतिनिधि आदि उपस्थित रहे। कूड़ा निस्तारण और मॉक ड्रिल की योजना : अपर नगर आयुक्त शशि भूषण राय ने बताया कि सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट में 21.5 लाख टन कूड़े में 17.5 लाख टन का निस्तारण कर लिया गया है। सथरापुर में नया प्लांट शुरू होने से व्यवस्था और बेहतर होगी। इसके अलावा एयरफोर्स स्टेशन के पास बने बहुमंजिला भवनों की सूची मांगी गई है ताकि अवैध निर्माण पर कार्रवाई की जा सके। आपात स्थिति की तैयारी को मॉक ड्रिल का आयोजन भी किया जाएगा।।
बरेली से कपिल यादव
