बरेली। डीपीआरओ कमल किशोर ने मंगलवार को दो स्कूलों का निरीक्षण किया। उच्च प्राथमिक स्कूल डोहरा में जेन-जी और जेन अल्फा बच्चों ने खुलकर अपनी बात रखी। बच्चों ने मिड डे मील गुणवत्तापूर्ण नहीं मिलने की शिकायत की। करीब 150 बच्चों को यूनिफॉर्म का पैसा भी नहीं मिलने का प्रकरण सामने आया। डीपीआरओ ने स्टाफ को कड़ी चेतावनी देते हुए सुधार के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उच्च प्राथमिक स्कूल डोहरा में मिड डे मील की गुणवत्ता संतोषजनक नहीं मिली। बच्चों ने भी खाना अच्छा नहीं मिलने की शिकायत की। मिड डे मील का वितरण मीनू के अनुसार करने, गुणवत्तापूर्ण मसालों के इस्तेमाल का निर्देश दिया गया। ग्राम पंचायत के प्रशासक, प्रधानाध्यापक और रसोईयों को चेतावनी दी गई। छात्र-छात्राओं ने बातचीत के समय बताया कि 253 के सापेक्ष 150 बच्चों को विभाग से यूनिफॉर्म का पैसा नहीं मिला है। प्रधानाध्यापक को विभाग के साथ समन्वय कर यूनिफॉर्म का पैसा दिलाने का निर्देश दिया गया। स्कूल आपरेशन कायाकल्प के 19 पैरामीटर पर संतृप्त पाया गया। प्रधानाध्यापक ने कक्षाओं में फर्नीचर की कमी बताई। स्कूल में एक शौचालय लंबे समय से बंद था। इसकी मरम्मत करवाकर क्रियाशील कराने का सचिव को निर्देश दिया गया। सफाई कर्मी सुनीता देवी को रोजाना स्कूल में सफाई करने का निर्देश दिया गया। इसके बाद डीपीआरओ ने उच्च प्राथमिक स्कूल डोहरिया का निरीक्षण किया। बच्चों से बात की गई। बच्चों ने मिड डे मील की तारीफ की। शिक्षकों को निर्देश दिया गया कि बच्चों से लगातार बातचीत कर उनकी समस्याओं का निस्तारण करते रहे। सफाई कर्मी इरशाद को रोज स्कूल में आकर सफाई का निर्देश दिया गया। स्कूल में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र की स्थिति भी संतोषजनक पाई गई। इस दौरान ग्राम पंचायत अधिकारी विपिन कुमार भी मौजूद रहे।।
बरेली से कपिल यादव
