बरेली। उर्स ताजुश्शरिया मे शामिल होकर बिहार लौट गो मौलाना तौसीफ रना की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। प्रकरण को हत्या से जोड़ते हुए परिवार ने कार्रवाई की मांग उठाई। हालांकि पुलिस प्रारंभिक तौर पर हादसा मानते हुए आगे की छानबीन मे जुटी है। बिहार के किशनगंज निवासी मौलाना तौसीफ रजा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने नया मोड़ ले लिया है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि मौलाना के साथ ट्रेन मे लूटपाट और मारपीट की गई। जिसके बाद उन्हें चलती ट्रेन से नीचे फेंक दिया गया। इस घटना मे उनकी मौत हो गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी सिटी ने कैंट पुलिस को जांच के आदेश दिए है। जानकारी के अनुसार, किशनगंज जिले के ठाकुरगंज निवासी मौलाना तौसीफ रजा 24-25 अप्रैल को बरेली में आयोजित उर्स-ए-ताजुश्शरिया में शामिल होने आए थे। 26 अप्रैल को वह ट्रेन से वापस अपने घर लौट रहे थे। परिजनों का आरोप है कि यात्रा के दौरान असामाजिक तत्वों ने उनके साथ लूटपाट की और विरोध करने पर मारपीट की। घटना के दौरान मौलाना ने अपनी पत्नी को फोन कर पूरी घटना की जानकारी दी थी, जिसके बाद उनका मोबाइल बंद हो गया। कुछ समय बाद बरेली कैंट स्टेशन के पास रेलवे ट्रैक किनारे उनका शव बरामद हुआ। कीमैन की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर में गंभीर चोट (हेड इंजरी) को मौत का कारण बताया गया है। परिजनों के आरोप के बाद इस मामले ने तूल पकड़ लिया है। मरकजे अहले सुन्नत समेत कई संगठनों ने घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। मामले में उच्च स्तरीय जांच की मांग : घटना को लेकर धार्मिक और सामाजिक संगठनों में रोष है। मरकजे अहले सुन्नत और अन्य संगठनों ने केंद्र सरकार और रेलवे प्रशासन से मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। जमात रजा-ए-मुस्तफा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सलमान मियां ने कहा कि उर्स से लौट रहे एक धार्मिक व्यक्ति के साथ इस तरह की घटना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि यदि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं की गई तो लोगों का रेलवे प्रशासन से भरोसा उठ जाएगा। ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने भी घटना पर गहरा दुख जताते हुए इसे गंभीर बताया है। उन्होंने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश और केंद्रीय रेल मंत्री को पत्र लिखकर मामले की सीबीआई जांच की मांग की है, ताकि सच्चाई सामने आ सके और दोषियों को सजा मिल सके।।
बरेली से कपिल यादव
