बरेली। जनपद के थाना फरीदपुर क्षेत्र मे गुरुवार को रामगंगा नदी मे नहाने आए चार किशोर तैरकर नदी पार करते समय तेज बहाव के चलते डूबने लगे। वहां मौजूद लोगों ने तीन को तुरंत ही बचा लिया। चौथे को करीब दो घंटे बाद खोजा जा सका। अस्पताल ले जाने पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। भमोरा थाना क्षेत्र के हिम्मतपुर गांव के पास ही रामगंगा नदी बहती है। गुरुवार दोपहर गांव निवासी एकलव्य उर्फ ओम (16), बड़े भाई अश्विनी (17) व गांव के ही रजत (12) व सुमित (16) के साथ नदी मे नहाने गया था। नहाते समय चारों किशोर तैरकर नदी पार करके फरीदपुर थाना क्षेत्र के गोविंदपुर गांव की तरफ आने लगे। नदी के बीच मे पहुंचने पर तेज धार की वजह से चारों डूबने लगे। वहां मौजूद ग्रामीणों ने तीन किशोरों को बचा लिया। गोताखोरों की मदद से ओम (16) को दो घंटे बाद खोजा जा सका। मौके पर मौजूद लोगों ने धड़कन चलने की बात कही। तुरंत ही उसे अस्पताल ले जाया गया। जांच के बाद चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिजन शव गांव ले आए। ग्राम प्रधान की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। नदी में डूबकर जान गंवाने वाले एकलव्य उर्फ ओम का एक जून को जन्मदिन मनाया जाना था। परिवार इसकी तैयारियों में जुटा था। ओम की मौत की खबर से घर मे मातम पसर गया गया। हिम्मतपुर निवासी रजनेश सागर बिजली निगम में संविदाकर्मी हैं। वह वर्तमान मे परिवार सहित बरेली के दुर्गा नगर मे रहते है। गर्मी की छुट्टियां होने के चलते वह पत्नी प्रवेश देवी और तीन बेटों अश्वनी, एकलव्य उर्फ ओम तथा लोकेश के साथ अपने पैतृक गांव हिम्मतपुर आए थे। घर में ओम का जन्मदिन मनाने की तैयारियां चल रही थी। इससे पहले ही बृहस्पतिवार को उसकी मौत हो गई। शव गांव पहुंचने के बाद मां बेटे के शव से लिपटकर बेसुध हो गई। पिता रजनेश सागर और भाइयों का भी रो-रोकर बुरा हाल है।।
बरेली से कपिल यादव
