राजस्थान/बाड़मेर- कई हैरतअंगेज जादूगरी के करतबों को देख कर लोगों ने दातों तले अगुंलिया दबाई और दर्शकों की तालियाँ की गडगडा़हट से पूरा टाउन हॉल गूंज उठा यही एक कलाकार की सबसे बड़ी धन दोलत और उपलब्धि होती है इसके बिना कलाकार हमेशा अपने आप को अधूरा महसूस करता है ये कहना है जादूगर सम्राट अजूबा का जिन्हें बाड़मेर के लोगों से आदर सत्कार करते हुए हौसला अफ़ज़ाई की।
जादूगर सम्राट अजूबा ने कहा कि जादू मेरी साधना, मेरा प्रेम, मेरा जुनून है। जादू दिखाते समय जब दर्शकों के चेहरे पर मैं अद्भुत खुशी देखता हूं तो स्वयं को धन्य समझता हूं। अपने दो घंटे के शो में मैं रहस्य, रोमांच और मनोरंजन के साथ, जादू के प्रति लोगों के अंधविश्वास को दूर करते हुए साफ कहता हूं कि जादू सिर्फ एक कला है, हाथ की सफाई है। ज्यादातर अपने शो में हमारी टीम केन्द्र और राज्य सरकार द्वारा जारी योजनाओं जैसे जल बचाओ, बेटी बचाओ- बेटी पढ़ाओ से लेकर पर्यावरण, शिक्षा और परिवार नियोजन जैसे कई मुद्दों के महत्व का संदेश भी देता हूं।
जादुगर अजूबा ने बताया कि चैरिटी शो के माध्यम से मैं अपार राशि विभिन्न आपदाओं और पीएम-सीएम राहत कोष के लिए जुटाता रहा हूं। मुझे खुशी है कि मेरे जादुई खेलों को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी, पूर्व राष्ट्रपति ज्ञानी जैल सिंह, भैरोंसिंह शेखावत, अमित शाह, राजनाथ सिंह, जेपी नड्डा जैसे बड़े-बड़े लोग देख चुके हैं। फिल्मी सितारों की बात करें तो मेरे शो अब तक धर्मेंद्र, हेमा मालिनी, मनोज कुमार, जूही चावला, अनिल कपूर और कटरीना कैफ जैसे कितने ही फिल्मों के सितारे देख चुके हैं।
जब कई बड़े जादूगरों ने अपने मेगा शो बंद कर दिए, मैं 70 की उम्र में भी अपने शो पहले जैसे उत्साह के साथ जारी रखे हुए हूं।केन्द्र और राज्य सरकार से मेरी यही गुजारिश है कि जैसे देश में संगीत, नृत्य, नाटक और ललित कला आदि पर अकादमी हैं, कुछ उसी तर्ज पर जादू कला अकादमी भी बने। इससे यह प्राचीन कला लुप्त नहीं होगी और लोगों में इसके प्रति रुचि भी बढ़ेगी। मुझे आश्चर्य होता है कि देश की 130 करोड़ की जनसंख्या में आजकल एक दर्जन से ज्यादा बड़े जादूगर नहीं हैं। इस दौरान श्रीमती पिंकी राना और मेनेजर बन्टी नानाणिया सहित एक दर्जन टीम अजूबा के कलाकारों सहित सैकड़ों दर्शकों की भीड़ मौजूद रही।
— राजस्थान से राजूचारण
