बरेली। नेपाल के काठमांडू से यमुना दाकल 105 दिनों से अकेले साइकिल यात्रा कर बरेली पहुंची। वह मूल रूप से काठमांडू की रहने वाली है। यमुना ने बताया कि वह काठमांडू से निकल कर यूपी, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, हरिद्वार, बद्रीनाथ केदारनाथ होते हुए वापस बरेली पहुंची है। जहां से महेंद्रनगर होते हुए वापस काठमांडू जाएंगी। 35 वर्षीय यमुना ने बताया कि सफर के दौरान साइकिल कम्युनिटी के लोगों के साथ निरंतर फोन से टच में रहीं। वहीं, रास्ते में लोगों की उनकी बहुत मदद की। वह महिला सुरक्षा पर कहती हैं कि ऐसी यात्रा करते समय में मन आत्मविश्वास से भरपूर होना चाहिए, तभी हम कोई बाधा पार कर सकते है। ये भी पता हो कि मदद किससे लेनी है या किससे नहीं लेनी है। ये पहली बार था जब मैंने अकेले यात्रा पूरी की है। इसके बाद अब साइकिल से वर्ल्ड टूर जाने की योजना है। यमुना वीडियो व फोटोग्रॉफी करती हैं। वह बताती हैं कि लड़कियों को इस तरह की यात्रा से पहले स्वयं को शारीरिक रूप से इतना सक्षम होना चाहिए कि अपनी रक्षा स्वयं कर सकें।।
बरेली से कपिल यादव
