बरेली। वनमंत्री डॉ.अरुण कुमार ने बरेली की चिकित्सा सेवाओं को बेहतर करने के लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं। उन्होंने शासन स्तर पर स्वास्थ्य विभाग के कई प्रोजेक्ट के लिए प्रयास शुरू कर दिये हैं। तीन सौ बेड हॉस्पिटल को सरकारी या पीपीपी मोड पर संचालित कराने, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान की स्थापना और एक क्रिटिकल केयर सेंटर की स्थापना कराने की पैरवी की है। मंगलवार को उन्होंने लखनऊ स्थित आवास पर चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के प्रमुख सचिव अमित घोष को बुलाकर बातचीत की। प्रमुख सचिव को पत्र देकर उस पर गहन चर्चा की। साथ ही जनपद में लंबे समय से रिक्त चल रहे कार्डियोलॉजिस्ट, नेफ्रोलॉजिस्ट एवं न्यूरोलॉजिस्ट पदों को शीघ्र भरने के लिए संबंधित को निर्देशित करने के लिए कहा। दरअसल, बरेली में सरकारी व्यवस्था में क्रिटिकल मरीजों के लिए बेहतर उपचार नहीं है। जिस उद्देश्य से तीन सौ बेड हॉस्पिटल का निर्माण कराया गया। वह आज तक अधूरा है। लंबे समय से इस हॉस्पिटल को पीपीपी मोड पर संचालित करने की कवायद हो रही है लेकिन संचालन शुरू नहीं हुआ है। कुछ दिन पहले कमिश्नर भूपेंद्र एस. चौधरी ने आईएमए के पदाधिकारियों के साथ चर्चा की। इसके बाद सीएमओ की ओर से शासन को प्रस्ताव भेजा गया है।।
बरेली से कपिल यादव
