यूनिवर्सिटी की अनियमितताओं के खिलाफ समाजवादी छात्र सभा ने किया प्रदर्शन

बरेली। यूनिवर्सिटि मे चल रही अनियमिताओं के खिलाफ समाजवादी छात्र सभा ने मंगलवार को प्रदर्शन किया। प्रशासनिक भवन पर धरना देते हुए छात्र सभा के पदाधिकारियों ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन अपनी मनमानी पर उतारू है। आगामी सत्र से यदि छात्र संघ चुनाव बहाल नही किए गए तो छात्र सभा बड़े आंदोलन पर विवश होगी। जिलाध्यक्ष अविनाश मिश्रा ने कहा कि विभिन्न कोर्स के फॉर्म विश्वविद्यालय 15-20 दिन के लिए ही खोलता है। उसके बाद लेट फीस वसूली जाती है। अभी तक जो विद्यार्थी यूएफएम मे दोष मुक्त किए जाते थे। उनसे 500 रुपये फीस ली जाती थी। इसको अब 1000 रुपये कर दिया गया है। इसको वापस लिया जाए। विश्वविद्यालय में संचालित बीटेक, बीफार्मा, एमबीए और एमसीए कोर्स सेल्फ फाइनेंस पर चलते हैं। उनकी फीस काफी अधिक है। इसको कम किया जाए। सभी कक्षाओं की अंक तालिका संशोधन, माइग्रेशन व प्रोविजनल डिग्री के लिए ऑनलाइन सुविधा सुनिश्चित की जाए। साथ ही पीएचडी कोर्स वर्क की प्रवेश परीक्षा अति शीघ्र की जाए। छात्र सभा ने मांग उठाई कि जिले में तमाम ऐसे नौजवान हैं जिन्होंने खेल के क्षेत्र में बरेली का नाम रोशन किया है। ऐसे नौजवानों के हक में बीपीएड, एमपीएड की सरकारी सीट शुरू की जाये। छात्र सभा के प्रदर्शन को देखते हुए विश्वविद्यालय ने पहले से ही पुलिस बुला ली थी। रजिस्ट्रार को ज्ञापन देकर प्रदर्शन समाप्त किया गया।
विद्यार्थी परिषद ने फूंका ममता बनर्जी का पुतला
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने रुहेलखंड विश्विद्यालय के गेट पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का पुतला फूंका। महानगर मंत्री श्रेयांश बाजपेई ने कहा कि पश्चिम बंगाल के संदेशखाली में मुख्यमंत्री के संरक्षण में तृणमूल कांग्रेस के नेता महिलाओं पर अत्याचार कर रहे है। इसको किसी भी हाल में बर्दाश्त नही किया जाएगा। संगठन मंत्री अवनी यादव ने कहा कि यदि अत्याचार बंद नही हुआ तो बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया।।

बरेली से कपिल यादव

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

किसी भी समाचार से संपादक का सहमत होना आवश्यक नहीं है।समाचार का पूर्ण उत्तरदायित्व लेखक का ही होगा। विवाद की स्थिति में न्याय क्षेत्र बरेली होगा।