भगवान पतंग हैं तो भगवान का नाम उस पतंग की डोर – कविचंद्र दास

बरेली। शहर के नेकपुर स्थित सुविख्यात ललिता देवी मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में वृंदावन धाम से पधारे कथाव्यास श्री कविचंद्र दास महाराज जी का सभी भक्तो ने पगड़ी पहना कर स्वागत किया। महाराज जी ने सभी भक्तो को भगवान श्री राम चंद्र व भगवान श्री कृष्ण जन्मोत्सव की कथा का सुंदर रसपान करवाया एवं धूम धाम से श्री कृष्ण जन्मोत्सव मनाया गया कथा में नाम महिमा सुनाते हुए कहा कि भगवान मानो पतंग हैं और भगवान का नाम उस पतंग की डोरी है! भगवान का नाम पकड़े रहने से भगवान भी पास रहते हैं! कलियुग में विशेष रूप से नाम ही आधार है! नाम जप के बिना किसी भी साधना का फल नहीं मिलता! नाम जप तथा कीर्तन से किसी भी अनुष्ठान के दोष समाप्त हो जाते हैं! हरे कृष्ण महामंत्र का जप करने हेतु दीक्षा लेने की भी आवश्यकता नहीं होती! जिह्वा का स्पर्श होते ही ये बड़े से बड़े पापी का भी उद्धार कर देता है! …

कथाव्यास की प्रेरणा से नेकपुर निवासी सभी भक्तगण हर सुबह मुंह अंधेरे प्रभात फेरी निकालने लगे हैं और उन सबने संकल्प लिया है कि अब वो सदा ये फेरी निकालते रहेंगे! कल की कथा में अन्नकूट महोत्सव व श्री गिरिराज महाराज का पूजन होगा कथा का विश्राम 20 तारीख को होगा आयोजन में त्रिवेणी मौर्य गोपाल मौर्य, आकाश रस्तोगी, शिवांश उपाध्याय, चंदन श्रीवास्तव, अमन सैनी, प्रवेंद्र पटेल, अशोक कुमार आदि उपस्थित रहे।

– बरेली से सचिन श्याम भारतीय

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

किसी भी समाचार से संपादक का सहमत होना आवश्यक नहीं है।समाचार का पूर्ण उत्तरदायित्व लेखक का ही होगा। विवाद की स्थिति में न्याय क्षेत्र बरेली होगा।