जुलूस ए अज़ा व मजलिसों मे रात भर होता रहा इमाम हुसैन व अन्य शहीदों का ज़िक्र

प्रयागराज- करैली के रहमतनगर स्थित इबादतखाने मे ज़ीशान व रज़ा की ओर से मजलिस आयोजित की गई।आक़िब रिज़वी के संचालन मे नसीम बिसौनवी की मर्सियाख्वानी से मजलिस का आग़ाज़ हुआ तो शहीर रालवी व जौन प्रतापगढ़ी ने पेशख्वानी की।मौलाना जौहर अब्बास साहब क़िबला ने मजलिस को खेताब किया।ताबूत अलम व ज़ुलजनाह की शबीह सुगंधित लोबान की धूनी व मोमबत्ती की रौशनी मे निकाली गई जिसकी ज़ियारत को बड़ी संख्या मे अक़ीदतमन्द जुटे।हैदर रज़ा कोरालवी ने खुसूसी नौहा पढ़ा।अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया के नौहाख्वानों शादाब ज़मन ,अस्करी अब्बास ,ज़हीर अब्बास ,कामरान रिज़वी ,ऐजाज़ नक़वी ,अकबर ,हैदर ,कुमैल ,ज़ीशान ,रज़ा ,असद ,वसीम ,शबीह रिज़वी आदि ने नौहा पढ़ते हुए जुलूस भी निकाला।करैली बैतुस्सलात के पास वसी हसनैन की ओर से मरहूम डॉ सैय्यद रज़ा हसनैन के इसाले सवाब को आयोजित मजलिस मे रेयाज़ मिर्ज़ा व शुजा मिर्ज़ा ने ग़मगीन मर्सिया पढ़ा मौलाना जौहर अब्बास साहब क़िबला ने मजलिस मे करबला के शहीदों का ज़िक्र किया।अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया के नौहाख्वानों ने पुरदर्द नौहा पढ़ा।दरियाबाद मे अन्जुमन सिपाहे इमाम ए अस्र की ओर से बिमारे करबला हज़रत ज़ैनुलआब्दीन की याद मे जुलूसे अज़ा निकाला गया।बहलोले हिन्द नाज़िम ए नजफे अशरफ आफताबे निज़ामत जनाब नजीब इलाहाबाद के कुशल संचालन मे जुलूस ए अज़ा का आग़ाज़ रेयाज़ मिर्ज़ा व शुजा मिर्ज़ा की दिल को तड़पाने वाली आवाज़ मे मर्सियाख्वानी से हुआ।मौलाना सैय्यद इरफान हैदर ज़ैदी साहब क़िबला ने ग़मगीन मसाएब ए अहलेबैत पढ़े तो हर आँख अश्कों से तर हो गई।अन्जुमन मज़लूमिया रानीमण्डी व अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया के नौहाख्वानों ने देर रात चले जुलूस ए अज़ा मे अपने अपने शायरों के लिखे नौहों से माहौल को ग़मगीन बना दिया।आफताब हैदर ,शफक़त पाशा ,हसन नक़वी ,आग़ा भाई ,रिज़वान जव्वादी ,हुसैन रज़ा ,मिर्ज़ा अज़ादार हुसैन ,सैय्यद मोहम्मद अस्करी ,बाशू भाई ,नजमुल हसन ,ज़हीर अब्बास नक़वी ,महमूद अब्बास ,हसन हैदर टाईगर ,आसिफ रिज़वी ,लखते असग़र ,ज़ामिन हसन ,अमन जायसी ,अली रज़ा रिज़वी ,आरज़ू हैदर ,आसिफ चायली ,ईशान हुसैन ,हसन आदि शामिल रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

किसी भी समाचार से संपादक का सहमत होना आवश्यक नहीं है।समाचार का पूर्ण उत्तरदायित्व लेखक का ही होगा। विवाद की स्थिति में न्याय क्षेत्र बरेली होगा।