बरेली। एसएसपी अनुराग आर्य अपने कार्यकाल मे अपराधियों की सबसे ज्यादा 375 हिस्ट्रीशीट खुलवाने आईपीएस अफसर बन गए है। बुधवार को भी ‘ऑपरेशन एचएस’ रहा। पुलिस ने विभिन्न थाना क्षेत्र मे सक्रिय 17 और पेशेवर क्रिमिनल्स को हिस्ट्रीशीटर घोषित कर दिया। इन दागी चेहरों में सवसे चर्चित नाम पीलीभीत वाईपास पर गैंगवार में शामिल रहा राजीव राणा है। तीन दिन मे 42 अपराधियों की हिस्ट्रीशीट खुलवाकर गहन निगरानी सूची मे रख दिया गया है। इस कार्रवाई से क्रिमिनल वैकग्राउंड वालों में हड़कंप मचा दिखाई दे रहा है। हर 15वें दिन पुलिस इनकी निगरानी करेगी। अगर शहर से बाहर जाएंगे तो संबंधित थाने में बताकर जाएंगे। 22 जून 2024 को पीलीभीत बाईपास पर गोलीकांड हुआ था। जिसमें मुख्य आरोपी राजीव राणा था। कभी राजीव राणा की शहर में हनक हुआ करती थी। सत्ता पक्ष के विधायक के संरक्षण में जमीनों का काम करता था, लेकिन गोलीकांड के बाद उसकी कुंडली ही बदल गई। एसएसपी अनुराग आर्य ने बुधवार को गैंगस्टर राजीव राणा समेत 17 की हिस्ट्रीशीट खोली है। पीलीभीत बाईपास पर दिनदहाड़े हुए गोलीकांड के मुख्य आरोपी भूमाफिया राजीव राणा के होटल, ऑफिस और घर पर प्रशासन ने बुलडोजर चलाकर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की थी। इसके बाद पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट के तहत राजीव राणा और उसके गुर्गों के खिलाफ कार्रवाई की थी। एसएसपी ने बारादारी के सुरेश शर्मा नगर निवासी राजीव राणा की हत्या की कोशिश और धोखाधड़ी के मामले में हिस्ट्रीशीट खोली है। इसके अलावा इज्जतनगर के खजुरिया गांव के सलमान, मोहरनिया गांव के जगदीश, सुभाषनगर के नेकपुर निवासी रोहित, फतेहगंज पूर्वी के गांव इटौरिया के सियानंद उर्फ श्याम और रविंद्र उर्फ राजू, सिघवा के कल्लू, रम्पुरा कमन के विनोद राठौर, हाफिजगंज के गांव तिगरा के हरनाम सिंह उर्फ काकू, कैंट के गांव मिर्जापुर के कल्लू उर्फ दुनका, बारादरी के चक महमूद निवासी जुनैद और आफताब गद्दी, ईंट पजाया के इमरान उर्फ बंबइया और वसीम उर्फ गंठी, खुर्रम गौंटिया के शेखर, एजाजनगर के शाकिर और कांकरटोला के अनीस सकलैनी की हिस्ट्रीशीट खोली गई है।।
बरेली से कपिल यादव
