राजस्थान/बाड़मेर- पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की अधिसूचना के अनुसार ठोस अपिशष्ठ प्रबंधन नियम, 2026 के प्रावधान 1 अप्रैल 2026 से लागू हो गए है। राजस्थान नगरपालिका ठोस अपिशष्ठ प्रबंधन उपविधियां, 2019 पूर्व में लागू है। इसके तहत बाड़मेर नगर परिषद क्षेत्र में घर-घर कचरा संग्रहण के लिए उपयोग राशि निर्धारित की गई है। इधर, बाड़मेर नगर परिषद ने दो दिन में 29 हजार 700 रुपए जुर्माना वसूलने की कार्रवाई की l
नगर परिषद आयुक्त भगवत सिंह परमार ने बताया कि बाड़मेर नगर परिषद क्षेत्र में घर-घर कचरा संग्रहण के लिए 50 वर्ग मीटर क्षेत्रफल तक के आवासीय मकान के लिए मासिक उपयोग राशि 15 रूपए, 50 वर्ग मीटर क्षेत्रफल से अधिक एवं 300 वर्ग मीटर क्षेत्रफल तक के आवासीय मकान के लिए 50,300 वर्ग मीटर क्षेत्रफल से अधिक आवासीय मकान के लिए 100, व्यवसायिक प्रतिष्ठान, दूकान, खानपान के स्थान ढाबा, मिठाई की दुकान, काफी हाउस के लिए 200,गेस्ट हाउस 500, सरकारी छात्रावास 400, निजी छात्रावास एवं निजी शिक्षण संस्थान 750,
निजी कोचिंग संस्थान 3000, निजी कोचिंग क्लासेज 750, व्यवसायिक कार्यालय, सरकारी कार्यालय, बैंक, बीमा कार्यालय, निजी के अलावा कोचिंग क्लासेज, शिक्षण संस्थान के लिए 500, शादी हॉल, उत्सव हॉल, प्रदर्शनी एवं मेला 3000 वर्ग मीटर क्षेत्रफल तक शादी हॉल, उत्सव हॉल, प्रदर्शनी एवं मेला 3000 वर्ग मीटर क्षेत्रफल से अधिक 4 हजार रूपए, गोदाम,कोल्ड स्टोरेज केवल गैर खतरनाक अवशिष्ट लघु एवं कुटीर उद्योग वर्कशॉप एक हजार, गोदाम,कोल्ड स्टोरेज केवल गैर खतरनाक अवशिष्ट 10 किलोग्राम प्रतिदिन लघु एवं कुटीर उद्योग वर्कशॉप के लिए 500, रेस्टोरेंट 500, होटल रेस्टोरंट 750, होटल रेस्टोरंट थ्री स्टार तक 1 हजार, होटल रेस्टोरेंट थ्री स्टार से अधिक 2 हजार, क्लीनिक 750, क्लीनिक, डिस्पेन्सरी, लेबोटेरिज 50 बेड तक के लिए 1500 एवं 50 बेड से अधिक के लिए 3 हजार रूपए प्रति माह उपयोग राशि वसूली जाएगी।
आयुक्त भगवत सिंह परमार ने बताया बाड़मेर शहर को स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित बनाने के लिए नगर परिषद ने प्रभावी कदम उठाते हुए कचरा फैलाने तथा दुकानों के आगे सामान रखकर अस्थायी अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की है। पिछले दो दिनों में नगर परिषद ने विभिन्न स्थानों पर निरीक्षण कर 29 हजार 700 रूपए जुर्माना वसूला। आयुक्त परमार ने बताया कि शहर में स्वच्छता बनाए रखने और यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा। यह कार्रवाई राजस्व अधिकारी सावन कुमार अवस्थी, राजस्व लिपिक अरुण घारू और स्वास्थ्य जमादार अरुण सर्वटा के निर्देशन में की गई।
— राजस्थान से राजूचारण
