आंवला, बरेली। जनपद के थाना आंवला क्षेत्र के मोहल्ला खेड़ा में मंगलवार शाम को हुई बारिश के दौरान दिव्यांग बच्चा नाले में गिरकर बह गया। नाला गहरा है, बच्चे की खोज में पालिका की पांच टीमों को लगाया गया है। दो जेसीबी मशीन भी लगाई गई हैं, लेकिन देर शाम तक बच्चा बरामद नहीं हुआ तो देर रात एसडीआरएफ भी पहुंच गई। एसडीआरएफ के जवान भी नाले में बच्चे को तलाशते रहे मगर देर रात तक कुछ पता नहीं चला। बच्चे के पिता नन्दराम प्रजापति ने बताया कि वह मोहल्ला खेड़ा का निवासी है और मिट्टी के बर्तन बनाने का काम करता है। उसका छह वर्षिय बेटा प्रीत एक पैर से दिव्यांग है और वॉकर से चलता है। वह मंगलवार दोपहर चार बजे बाद हुई बारिश में मोहल्ले के अन्य बच्चों के साथ गमाडेट मंदिर के पास नहा रहा था। अचानक पैर फिसलने से वह आठ फिट गहरे नाले में गिर गया। पूरे मोहल्ले के पानी का बहाव इस नाले की ओर है। तेज बहाव में बच्चा बह गया। उसके साथ के अन्य बच्चों ने परिजनों को सूचना दी, जिस पर मोहल्ले के लोगों ने बच्चे को खोजना शुरू किया। मंत्री के कहने पर डीएम ने भेजी एसडीआरएफ : चार घंटों के प्रयास के बाद भी देर शाम तक बच्चे की खोज नहीं की जा सकी। इसकी सूचना पर पूर्व चेयरमैन संजीव सक्सेना ने कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह को जानकारी दी, जिस पर मंत्री ने डीएम से फोन पर बात कर बच्चे को बरामद कराने के लिए कहा है। डीएम ने तत्काल एसडीआरएफ की टीम को आंवला भेजा। उन्होंने घटना को दुखद बताया है। एसडीआरएफ ने आते ही बच्चे की तलाश शुरू कर दी। एसडीआरएफ देर रात तक बच्चे की तलाश में नाला खंगालती रही मगर कुछ पता नही चला। बड़े नालों पर नही हैं सुरक्षा के इंतजाम : आंवला। नगर में कई बड़े और गहरे नाले हैं, लेकिन पालिका द्वारा उनके किनारे सुरक्षा फेंसिंग अथवा सुरक्षा दीवार की व्यवस्था नहीं की गई है। सभी जगह नाले खुले हुए हैं। लगभग छह साल पहले भी बारिश के दौरान मोहल्ला भुर्जीटोला से विलायतगंज जाने वाले रोड पर नाले में गिरकर एक बालक की मौत हो गई थी।
बरेली से कपिल यादव
