बरेली। फर्जी फर्म से करोड़ों रुपये का कारोबार करने वाले पीलीभीत के एक आरोपित मुताहिर अली को बरेली पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपित और उसके दो भाइयों के नाम से बरेली में फर्जी फर्में खोली गई थीं। इन फर्मों को मुरादाबाद के भाइयों समेत तीन लोगों ने मिलकर खोला था। पुलिस अब अन्य आरोपितों की तलाश में जुटी है। एसआइटी के मुख्य विवेचक निरीक्षक संजय कुमार धीर ने बताया कि राज्य कर विभाग, खंड-पांच बरेली की ओर से भोजीपुरा थाने में 23 फरवरी को प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी, जिसकी जांच में फर्जी जीएसटी रिकार्ड तैयार करने, बिना माल की सप्लाई के फर्जी चालान जारी करने, इनपुट टैक्स क्रेडिट (आइटीसी) की धोखाधड़ी करने का मामला सामने आया था। जांच में 2.41 करोड़ रुपये का खेल पकड़ा गया था। इस मामले में पीलीभीत के जहानाबाद के मोहल्ला सादात निवासी मुताहिर अली को पीलीभीत रोड अभयपुर तिराहे के पास से गिरफ्तार किया है। पूछताछ में मुताहिर ने बताया कि उसकी वर्ष 2016 में एकता बिहार कटघर मुरादाबाद निवासी मुबारक खां उर्फ उमेर और उसके भाई मुताहिर उर्फ उजैर से मुलाकात हुई थी। दोनों ने उससे कहा था कि वे इंपोर्ट और एक्सपोर्ट का काम करते हैं। मुबारक दुबई भी घूमकर आया था। उसके नाम पर एमए ट्रेडर्स फर्म है, जिसे मुजाहिद वकील के माध्यम से बरेली में पंजीकृत कराया था। जिसमें उसका आधार कार्ड, मोबाइल और ईमेल पंजीकृत है, लेकिन उसने फर्म का कोई बैंक खाता नही खोला था। मुबारक, उसके भाई मुताहिर, अख्तर रसूल ने उससे मसाला और ड्राई फ्रूट का काम करने के लिए दो और फर्म खोलने के लिए कहा। इस पर उसने अपने भाई मुसफिक व मुशाहिद अली के आधार कार्ड, पैनकार्ड व फोटो दे दिए तो सभी ने उसके भाई मुशफिक अली के नाम से विजन ट्रेडर्स और मुशाहिद के नाम से मिनहा इंटरप्राइजेज फर्म पंजीकृत करा ली। तीनों फर्मों की यूजर आइडी, पासवर्ड व अन्य दस्तावेज अपने पास रख लिए। वह जरूरत पर उससे ओटीपी मांगते थे। वर्ष 2023 में मुशफिक के पास जीएसटी से नोटिस आया तो उसने शिकायत की तो कहा सब निपटा लेंगे। उसने बताया कि विजन ट्रेडर्स के नाम से फर्जी कारोबार और बिलिंग की गई और उसके भी रकम दी गई। वही एक अन्य 100 करोड़ के फर्जी कारोबार के मामले में भी पुलिस की जांच चल रही है। जिसमें कुछ गिरफ्तारियां भी पहले हुई हैं। अब मुताहिर अली को गिरफ्तार किया गया है।।
बरेली से कपिल यादव
