बरेली। फाहम लॉन के मालिक मो. आरिफ पर जमीनों पर कब्जा करने में लिप्त होने के भी आरोप लग चुके हैं। उसके खिलाफ सीलिंग की जमीन कब्जाने समेत दो मुकदमे थाना बारादरी में दर्ज है। पहला मुकदमा आठ नवंबर 2023 को नेकपुर निवासी काशीनाथ ने मो. आरिफ, उसके बेटे फारिक, फाइक, फहम और फहम लॉन के मैनेजर व धर्मेंद्र सिंह के खिलाफ थाना बारादरी में दर्ज कराया था। आरोप था कि आरोपियों ने प्लॉट पर काम करने से उन्हें रोक दिया और दस लाख रुपये की रंगदारी मांगी। काशीनाथ का कहना था कि आरिफ उनकी जमीन पर कब्जे की कोशिश कर रहा है। दूसरा मुकदमा थाना बारादरी में 15 फरवरी 2024 को तहसील सदर के लेखपाल जय नारायन ने दर्ज कराया था। इसमें मो. आरिफ, उसके भाई मो. शरीफ, नेतराम, द्वारिका, ऋषि वानी, पुष्पा वानी, गुल वानी समेत अज्ञात को आरोपी बनाया गया था। लेखपाल ने यह मुकदमा जांच रिपोर्ट के आधार पर लिखाया था, जिसमें इन लोगों पर जगतपुर लाला बेगम स्थित सीलिंग की भूमि की खरीद-फरोख्त का आरोप लगाया गया था। यह भी आरोप था कि इन लोगों ने जमीन की खरीद-फरोख्त के साथ ही उस पर अवैध निर्माण भी कर लिया है। शनिवार को बीडीए ने दो जगहों पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की। यहां रहने वाले लोगों का कहना है कि मोहम्मद आरिफ एक बिजनेसमैन है। उनके तमाम लोग समर्थक है तो कुछ विरोधी भी है। स्थानीय लोगों ने बताया कि मौलाना तौकीर और बरेली बवाल से आरिफ का कोई कनेक्शन नही है। बीडीए टीम ध्वस्तीकरण के लिए पहुंची तो उससे पहले ही बारादरी थाना पुलिस ने पूरे इलाके को चारों ओर से घेर लिया। सीओ तृतीय पंकज श्रीवास्तव के नेतृत्व में आसपास के थानों का पुलिस बल मौके पर बुला लिया गया। माइक से लोगों को दूर रहने की अपील की गई ताकि कोई अव्यवस्था न हो।।
बरेली से कपिल यादव
