सोरांव, प्रयागराज- बालक के जन्म लेने के साथ ही उसके शिक्षा और संस्कार में मां का महत्वपूर्ण योगदान होता है। मां हमारी प्राथमिक शिक्षिका होती है, जिससे हमें ढेर सारा प्यार मिलने के साथ ही संस्कार भी मिलते हैं। यह बातें होलागढ़ मोड़ के बरेज स्थित एम एस मेमोरियल कॉन्वेंट स्कूल की निदेशक क्रिस्टीना बेनिफिशियस ने शनिवार को स्कूल के बच्चों को सम्बोधित करते हुए कहीं। उन्होंने कहा कि गुरु रविंद्र नाथ टैगोर की जयंती के साथ ही मदर्स डे एक महान दिवस के रूप में मनाया जाता है। स्कूल के छात्र छात्राओं ने विद्यालय परिसर में सांस्कृतिक के साथ ही कई मनमोहक चित्र व कार्यक्रम प्रस्तुत किए। इस दौरान बच्चों ने पेंटिंग्स व कई प्रतियोगिताएं में भी हिस्सा लिया। इस मौके पर विद्यालय परिवार के साथ ही बच्चों की खुशी देखते ही बन रही थी। निदेशक ने गुरु रविंद्र नाथ टैगोर की जीवनी पर बच्चों को कई ज्ञानवर्धक बातें बताई। मदर्स डे पर उन्होंने मां के सहनशीलता वा कुशल शिक्षक होने की बात भी कही। इस मौके पर विद्यालय के छात्र छात्राओं ने भी माँ के आदर्शों को अपनाने का संकल्प लिया।
मां होती है हमारी प्राथमिक शिक्षिका
