बरेली। ग्राम पंचायत मे भ्रष्टाचार, मानकों के अनुरूप कार्य न करने, जनहित के कार्य मे वाधा डालने आदि मामलों में प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने पर डीएम ने तीन महिला प्रधानों को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इसके साथ ही छह सचिवों को भी नोटिस दिया गया है। भदपुरा ब्लॉक की ग्राम पंचायत नकटी नारायणपुर के जानकी प्रसाद, भुवनेश कुमार, दिलदार हुसैन आदि की शिकायत पर प्राथमिक जांच कराई गई। जांच रिपोर्ट मे पाई कमियों को दूर करने के लिए प्रधान हीराकली, सचिव नरेश पाल सागर और प्रेम प्रकाश को कई बार निर्देश दिया गया। इसके बाद भी कोई असर नही हुआ। जांच के दौरान पाया गया कि ग्राम सभा की खुली बैठक लगभग एक साल के अंतराल पर की गई है जो उचित नही है। पंचायत घर के निर्माण मे मानकों का पालन नही किया गया। प्रति बाजार दुकानदारों से 10 रुपये की वसूली की जाती है। उसके बाद भी स्थिति खराब मिली। निजी व्यक्ति से दुकानदारों से वसूली करना अवैधानिक है। सार्वजनिक शौचालय भी गुणवत्तापूर्ण नहीं पाया गया। फरीदपुर ब्लॉक की ग्राम पंचायत सुकटिया सिंधावरी की प्रधान कमला देवी, तत्कालीन सचिव अजय दुबे, विजय सिंह और संजय वर्मा को भी भ्रष्टाचार मे नोटिस जारी किया गया है। ग्राम पंचायत सचिव से प्राप्त रिकॉर्ड के अनुसार वर्ष 2021-22 में 28308 वर्ष 2022-23 में 99765 और वर्ष 2023-24 में 40120 की धनराशि खर्च कर हिल वाउचर लगाए गए। हैंडपंप मरम्मत, मिस्त्री की मजदूरी आदि का भुगतानित सीट व वाउचर का मिलान कराया गया तो अंतर पकड़ में आया। अंतर के सापेक्ष सचिव व प्रधान ने कोई टिप्पणी आख्या मे अंकित नही की। इससे बताओ नोटिस जारी कर 15 दिनों में जवाब मांगा गया है। फरीदपुर की ग्राम पंचायत कादरगंज की प्रधान उपासना और वीडीओ राजेश को नोटिस दिया गया है। जांच के दौरान पाया गया कि पंचायत घर मे 15 कुर्सिया थी। नौ चोरी हो गई। प्रधान ने बताया कि सामान चोरी होने की आशंका पर एएनएम व आशा की सहमति से घर पर रखवा दिया है।।
बरेली से कपिल यादव
