बरेली। अपनी बिखरी दुकानें और टूटे सपने समेटते दुकानदार देर शाम तक वहीं बैठे रहे। किसी के चेहरे पर गुस्सा था, किसी पर वेवसी और कई की आंखें लगातार नम थी। पीलीभीत वाईपास रोड और जगतपुर मार्ग आंसुओं, सिसकियों और टूटते निर्माणों के बीच्च भयावह खामोशी का गवाह बना रहा। यही कार्रवाई के दौरान कुछ लोग अपने घर के दरवाजे पर खड़े होकर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई देख रहे थे। जगतपुर मार्ग पर स्थिति मॉर्केट के आसपास के निवासी खामोशी के साथ सरकार की कार्रवाई को देखते रहे। इस दौरान लोगों के चेहरों पर दहशत साफ दिखी। कही दुकानदारों का कहना था कि उनका सब लुट गया। वही कॉम्प्लेक्स के ध्वस्तीकरण की कार्रवाई से से पहले पहले पुलिस ने पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में ले लिया था। इस दौरान रह-रहकर व्यापारी आखिरी बार दुकान देखने आ रहे थे। पुलिसकर्मी शोरूम, कॉम्प्लेक्स की तरफ जाने वाले लोगों को रोक रहे थे। इस दौरान व्यापारियों और उनके परिजनों ने पुलिस कर्मियों से मार्मिक गुहार लगाते हुए कहा कि प्लीज बस आखिरी बार जी भरकर दुकान को देख लेने दो। धास्तीकरण की कार्रवाई शुरू होते ही दुकानदारों के परिवार रोने-बिलखने लगे। वह बोले कि उनका तो सब कुछ उजड़ गया।।
बरेली से कपिल यादव
