बरेली। आगामी विधानसभा और त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव प्रचंड बहुमत से जीतने के लिए भाजपा ने जिलों की कार्यकारिणी मे बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है। भाजपा के बरेली के तीनों संगठनात्मक जिलों मे बरेली, आंवला और महानगर मे पिछले सात साल से जमे 50 से 60 प्रतिशत तक चेहरे बदलने की तैयारी है। आंवला और महानगर व बरेली जिले के पर्यवेक्षकों ने दो दिन सर्किट हाउस मे रहकर जिला कोर कमेटी के पदाधिकारियों के साथ मंथन करके नवीन कार्यकारिणी गठन के लिए पदाधिकारियों की सूची तैयार की है। कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह, वनमंत्री डॉ. अरुण कुमार, सांसद और विधायक सहित पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने जिलों की कार्यकारिणी गठन सहयोग किया है। भाजपा पश्चिमी क्षेत्र के अध्यक्ष एवं बरेली और महानगर जिले के पर्यवेक्षक सत्येंद्र सिसौदिया ने सर्किट हाउस में पार्टी पदाधिकारियों के साथ बैठक कर शुक्रवार दोपहर तक कार्यकारिणी के लिए पदाधिकारियों के नामों पर मंथन किया। इसके बाद सूची तैयार कर लखनऊ रवाना हो गए। सत्येद्र सिसौदिया गुरुवार को बरेली पहुंच गए थे जबकि आंवला इकाई की जिम्मेदारी लालगंज की पूर्व सांसद नीलम सोनकर को सौंपी गई है। दोनों पर्यवेक्षकों ने गुरुवार रात से शुक्रवार दोपहर तक सर्किट हाउस मे अलग-अलग बैठकों में संभावित नामों पर चर्चा की। देर रात कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह सहित अन्य पदाधिकारियों ने पर्यवेक्षक के साथ बैठक की। बैठकों मे चयन समिति के साथ स्थानीय सांसद, विधायक, एमएलसी, वर्तमान और पूर्व जिलाध्यक्ष भी शामिल रहे। सभी नेताओं ने संभावित पदाधिकारियों के नामों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया और संगठनात्मक अनुभव, सक्रियता तथा क्षेत्रीय संतुलन को ध्यान में रखते हुए सूची तैयार की। भाजपा की तीनों इकाइयों में अध्यक्ष सहित 21-21 पदाधिकारी मनोनीत किए जाएंगे। इनमें आठ उपाध्यक्ष, तीन महामंत्री, आठ मंत्री और एक कोषाध्यक्ष शामिल होंगे। इसके अलावा कार्यकारिणी में करीब 90 सदस्य होंगे जो संगठनात्मक गतिविधियों और कार्यक्रमों की जिम्मेदारी संभालेंगे। युवा-कर्मठ कार्यकर्ताओं को दी जाएगी प्राथमिकता: बैठक के दौरान पर्यवेक्षकों और पार्टी पदाधिकारियों ने हर नाम पर गंभीरता से विचार किया। पदाधिकारियों के चयन में सभी क्षेत्रों और सामाजिक वर्गों को प्रतिनिधित्व देने का प्रयास किया गया है ताकि संगठन में संतुलन और व्यापक भागीदारी सुनिश्चित हो सके। सूत्रों के अनुसार पार्टी सक्रिय और कर्मठ युवा कार्यकर्ताओं को भी प्राथमिकता दे रही है। इसी के चलते नई कार्यकारिणी में करीब 60 प्रतिशत नए चेहरों को जगह मिलने की संभावना है। पार्टी नेताओं का मानना है कि यह बदलाव संगठन में नई ऊर्जा भरने के साथ आगामी चुनावों की तैयारियों को गति देगा और बूथ स्तर तक भाजपा के संगठन को और अधिक मजबूत बनाएगा।।
बरेली से कपिल यादव
