बरेली। विकास भवन सभागार में बुधवार को आयोजित किसान दिवस फिर हंगामे की भेंट चढ़ गया। किसानों ने अधिकारियों के उपेक्षित व्यवहार और शिकायतों के निस्तारण के प्रति उदासीन रवैये को लेकर जमकर घेरा। वहीं बैठक में कई विभागों के अधिकारियों के न पहुंचने पर किसानों ने उन्हें फौरन बुलाने को लेकर तीखी नोकझोंक भी हुई। इस दौरान किसानों ने कई अधिकारियों पर गंभीर आरोप भी लगाए। हालांकि अधिकारियों ने बीते किसान दिवस में आई कुल 29 शिकायतों में 26 का निस्तारण की रिपोर्ट भी पेश की। उप निदेशक कृषि हिमांशु पांडेय की अध्यक्षता में आयोजित इस दिवस में सबसे पहले भाकियू (शंकर) के किसान प्रताप सिंह ने बताया कि अगामी रबी फसल कटाई। खरीद केन्द्रों की तैयारी, बिजली आपूर्ति एवं रसोई गैस व्यवस्था कराये जाने के लिए कई बार पत्र दिया गया, लेकिन कोई निराकरण नही हुआ। कृषक महेन्द्र पाल गंगवार ने बिजली की समस्या, गांव के चौराहों पर कैमरे और खराब स्ट्रीट लाइटे सही करवाने की मांग की। किसान यामीन मलिक ने गांव में चार इंडिया मार्का नल रिबोर होने के साथ ही टंकी का पानी बाधित होने की शिकायत की। उप निदेशक कृषि ने प्राप्त कुल 28 शिकायतों का अधिकारियों को जल्द निस्तारण करने के आदेश दिए। एलाइड विभाग जिला उद्यान अधिकारी द्वारा उद्यान विभाग में संचालित कृषकोन्मुखी योजनाओं के बारे मे विस्तृत जानकारी जानकारी दे दी गई। जिला खाद्य विपणन अधिकारी ने गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2585 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित है, 107 स्थायी केन्द्र एवं 13 मोबाइल केन्द्र खुले होने की सूचना दी।।
बरेली से कपिल यादव
