बरेली। नगर निगम की निर्माण, मानचित्रकार और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने कोहाड़ापीर चौक से धर्मकांटा चौराहे तक रोड के दोनों तरफ जमीन की पैमाइश करते हुए उन स्थानों को दोबारा चिह्नित किया। जहां पहले भी निशान लगाए गए थे। नए सिरे से गहरे लाल निशान लगाकर निगम ने यह स्पष्ट किया कि सड़कों के चौड़ीकरण के बीच आने चाले किसी भी अवैध निर्माण को अव बख्शा नही जाएगा। अधिशासी अभियंता राजीव राठी ने बताया कि दुकानदारों और स्थानीय निवासियों को निर्देश दिए भीतर स्वयं अपने अवैध निर्माण गए हैं कि वे निर्धारित समय के हटा ले। अगर निगम की ओर से कार्रवाई की गई तो इसका खर्च भी संबंधित व्यक्ति से वसूला जाएगा। सीएम ग्रिड योजना का उद्देश्य शहर की लाइफलाइन मानी जाने वाली सड़कों को मानक के अनुरूप चौड़ा करना है, ताकि भविष्य में ट्रैफिक की समस्या जड़ से खत्म हो सके। शहर के सौंदर्याकरण और विकास कार्यों में कोई अवरोध स्वीकार्य नहीं होगा। बीडीए का नक्शा, फिर भी चला दिया बुलडोजर: सपा महानगर अध्यक्ष शमीम खां सुल्तानी ने कहा जिन व्यापारियों के प्रतिष्ठानों को तोड़ा गया। उन पर सभी जरूरी कागजात के साथ बीडीए से पास नक्शा भी है। नगर निगम यहां 1920 का नक्शा दिखाकर बुलडोजर चला रहा है। यह व्यापारियों का उत्पीड़न है। नगर निगम बिजली विल और जल-कल टैक्स ले रहा है तो निर्माण को अवैध वताना सरासर गलत है। उन्होंने कहा कि तथ्यों को एकत्र कर डीएम के माध्यम से मुआवजे की मांग की जाएगी। आने मे देरी पर कहा कि हम पूरी जानकारी और साक्ष्यों के साथ व्यापारियों की मदद करना चाहते थे इसलिए ब्योरा तैयार कर रहे है।।
बरेली से कपिल यादव
