उर्स-ए-सकलैनी में उलमा ने दिया भाईचारे का पैगाम

बरेली। उर्स-ए-सकलैनी के चौथे दिन बुधवार को दीवानखाना, दरगाह परिसर में उलमा ने शाह मोहम्मद सकलैन मियां की पाकीजा जिंदगी, खिदमते-खल्क, समाज सेवा और उनकी तालीमात पर रोशनी डाली। सरपरस्ती खानकाह के सज्जादानशीन हजरत शाह मोहम्मद गाजी मियां जबकि निजामत मुख्तार सकलैनी ने की। तकरीरी महफिल में कासिमुल कादरी अशरफी, मौलाना आबिद सकलैनी, मौलाना शफाअतुल्लाह मुरादाबादी, मौलाना मुफ्ती फैजान भोजपुरी, हाफिज-ओ-कारी अशकार, मौलाना असद रामपुरी, अल्लामा मुफ्ती रुम्मान कादरी, मौलाना कारी जफर, हाफिज-ओ-कारी अनवार मुरादाबादी, मौलाना अब्दुल कादिर सकलैनी समेत कई उलमा ने बयान किए। अल्हाज सादकैन मियां, हाफिज गुलाम गौस सकलैनी, हमजा सकलैनी, गुलाम मुर्तुजा सकलैनी, अल्लामा रिफाकत अली नईमी, मौलाना मुख्तार सकलैनी, अल्लामा शाहिद शेख सकलैनी (मुंबई), मौलाना नफीस सकलैनी और मौलाना जाने आलम सकलैनी समेत अन्य लोग मौजूद रहे। उर्स-ए-शाहदाना वली पर चादरों का जुलूस निकला : बरेली। शाहदाना वली के उर्स के चौथे दिन बुधवार को धार्मिक कार्यक्रमों का सिलसिला फज्र की नमाज के बाद कुरआन पाक की तिलावत से शुरू हुआ। इमाम मौलाना मुशाहिद रजा ने सलातो- सलाम का नजराना पेश किया। ठिरिया निजामत खां की जामा मस्जिद के इमाम आदिल रजा खां की सरपरस्ती में चादरों का जुलूस निकाला गया। हाफिज मोहम्मद तस्लीम साबरी, खलीफा-ए-अलीशा मियां, सज्जादानशीन कलियर शरीफ ने भी दरगाह पर चादरपोशी की। दरगाह के सदर यूसुफ इब्राहिम, ने जुलूस में शामिल लोगों की दस्तारबंदी कर उन्हें उर्स की मुबारकबाद दी। मीडिया प्रभारी वसी अहमद वारसी, गुल्लन खा, मौलाना आलाउद्दीन साहब, गुलामें मुस्तफा जावेद खा, महबूब साबरी, अकरम अली वारसी, मिर्जा शाहाब बेग, मिर्जा मुकर्रम बेग, अब्दुल सलाम नूरी, शहज़ाद अंसारी आदि मौजूद रहे। सभी कार्यक्रम दरगाह के मुतवल्ली अब्दुल वाजिद खां नूरी की सरपरस्ती में हुए।।

बरेली से कपिल यादव

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *